हाईकोर्ट ने आरक्षण प्रक्रिया को माना सही...
निर्धारण पदों की संख्या के आधार पर ईडब्ल्यूएस वर्ग को दस प्रतिशत आरक्षण नहीं दिए जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी। हाईकोर्ट जस्टिस विवेक अग्रवाल ने याचिका को खारिज करते हुए अपने आदेश में कहा है कि अनारक्षित वर्ग के लिए निर्धारित सीट के आधार पर ईडब्ल्यूएस आरक्षण लागू किया जाता है।
याचिकाकर्ता अंकुष मिश्रा, पुष्पेन्द्र कुमार सहित अन्य की तरफ से दायर याचिका में कहा गया था कि स्वास्थ्य विभाग में लैब टेक्नीशियन पद के लिए प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड ने एग्जाम आयोजित किये थे। लैब टेक्नीशियन के कुल पदों की संख्या 219 थी। ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए दस प्रतिशत आरक्षण निर्धारित है। इस अनुसार ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए 22 पद आरक्षित होना चाहिये थे, परंतु इस कोटे के तहत सिर्फ चार लोगों को नियुक्तियां प्रदान की गयी।
याचिका की सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने पाया कि निर्धारित पदों में 122 पद ओबीसी, 46 पद एसटी तथा 13 पद एसटी वर्ग के लिए निर्धारित थे। सामान्य वर्ग के लिए 34 पद निर्धारित थे। एकलपीठ ने अपने आदेश में कहा कि ईडब्ल्यूएस आरक्षण सिर्फ सामान्य वर्ग के लिए निर्धारित है। सामान्य वर्ग के लिए निर्धारित संख्या के अनुसार दस प्रतिशत आरक्षण ईडब्ल्यूएस वर्ग को प्रदान किया गया है। एकलपीठ ने उक्त आदेश के साथ याचिका को खारिज कर दिया।

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