एम्स ऋषिकेश में आज बड़ा आयोजन, उपराष्ट्रपति की मौजूदगी से बढ़ी गरिमा
ऋषिकेश: देवभूमि उत्तराखंड आज एक बड़े गौरवमयी पल का साक्षी बना। देश के उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन एम्स ऋषिकेश के छठे दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस खास मौके पर उन्होंने पास आउट हुए छात्रों को डिग्रियां प्रदान कीं और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।
एयरपोर्ट पर हुआ भव्य स्वागत
उपराष्ट्रपति का विमान जौलीग्रांट एयरपोर्ट पर लैंड होते ही उनका जोरदार स्वागत किया गया। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उनकी अगवानी की। समारोह के दौरान उपराष्ट्रपति उत्तराखंडी पारंपरिक टोपी पहने नजर आए, जो प्रदेश की संस्कृति के प्रति उनके सम्मान को दर्शाता है।
सुरक्षा का अभेद्य किला: तीन चक्रों में सिमटी ऋषिकेश की सुरक्षा
उपराष्ट्रपति की गरिमा और संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन ने ऋषिकेश को एक अभेद्य किले में तब्दील कर दिया है। सुरक्षा व्यवस्था को 'थ्री-टियर सिक्योरिटी प्लान' के तहत तीन मुख्य जोनों में बांटा गया है, जिसकी कमान सीधे एसएसपी स्तर के अधिकारियों के हाथों में है तीनों जोन की कमान एसएसपी स्तर के अधिकारियों के हाथों में रही। पुलिस प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया और चप्पे-चप्पे पर कड़ी निगरानी सुनिश्चित की गई।
यादों में राष्ट्रपति का पिछला दौरा
उपराष्ट्रपति का यह दौरा पिछले साल नवंबर में हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के उत्तराखंड दौरे की यादें ताजा कर गया। ज्ञात हो कि राष्ट्रपति ने अपने दौरे के दौरान:
-
पतंजलि विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में शिरकत की थी।
-
उत्तराखंड विधानसभा के विशेष सत्र को संबोधित किया था।
-
नैनीताल राजभवन के 125 वर्ष पूरे होने के उत्सव में भाग लिया था।
एम्स ऋषिकेश का यह दीक्षांत समारोह न केवल छात्रों के लिए यादगार रहा, बल्कि उपराष्ट्रपति की मौजूदगी ने संस्थान के गौरव को और बढ़ा दिया। प्रशासन की मुस्तैदी और वीवीआईपी प्रोटोकॉल के चलते पूरा कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

मध्य प्रदेश: राज्य महिला आयोग में 6 साल का इंतजार खत्म, रेखा यादव बनीं नई अध्यक्ष
2025-26 में ED का एक्शन मोड: हजारों रेड, पर कम हुई गिरफ्तारियां
बरगी क्रूज त्रासदी: "हमें भीख नहीं इंसाफ चाहिए", अपनों को खोने वालों का फूटा गुस्सा; अब तक 13 शव बरामद
बरगी बांध हादसा: विमान में खराबी से 4 घंटे एयरपोर्ट पर रुका शव
नए SP अनुराग सुजानिया: किन जिलों में कर चुके हैं सेवा, अब सागर में जिम्मेदारी